सोशल ऑडिट के साथ जनदर्शन में पहुंचा हितग्राहियों का जत्था

अंबिकापुर। सार्वजनिक वितरण प्रणाली को दुरूस्त करने की सारी कवायदों को फेल करने में संचालक लगे हैं। आए दिन ग्रामीणों को राशन नहीं दिए जाने जैसी शिकायतें सामने आती हैं। राशन नहीं मिलने की स्थिति में ग्रामीणों को लंबी दूरी तय करके कलेक्टर तक पहुंचना पड़ रहा है। ऐसा ही मामला मंगलवार को सामने आया है। लखनपुर विकासखंड के ग्राम करई, जमदरा के ग्रामीणों ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली का सैकड़ों क्विंटल चावल सहित शक्कर, चना महीनों से वितरण नहीं करने का आरोप संचालक पर लगाया है। ग्रामीणों का कहना है कि केवाईसी के नाम पर उनसे मशीन में अंगूठा लगवाया गया, फिर अपडेट नहीं होने की बात कहकर अंगूठा मशीन में लगवाते रहे और राशन सामग्री नहीं दी गई। ग्रामीणों ने एक रजिस्टर में बकायदा सोशल ऑडिट करके किस हितग्राही को कब से चावल, शक्कर, चना, नमक का वितरण नहीं हुआ है, इसकी जानकारी एकत्र की है।

जनदर्शन में पहुंचे महेंद्र राम, बबीता, पार्वती, विजय यादव, मनोज यादव, हीरालाल, श्याम कुमारी, सोनमती, अनिमा, सुशीला सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत करई में संघर्ष समूह के द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली अंतर्गत सोसायटी का संचालन किया जा रहा है। आरोप है कि सोसायटी संचालक के द्वारा राशन लेने के लिए आने वाले हितग्राहियों से आठ-दस माह हो गए केवाईसी के नाम पर सिर्फ अंगूठा लगवाया जा रहा है लेकिन उन्हें राशन नहीं दिया जा रहा है। आरोप है कि 30 रुपये अलग से देने के बाद भी उन्हें चना और शक्कर भी नहीं दिया गया। हितग्राहियों ने जब इसका कारण जानना चाहा तो केवाईसी अपडेट नहीं होने की बात कहकर पुन: मशीन में अंगूठा लगवा लिया गया। बार-बार ऐसी स्थिति बनते देख मंगलवार को काफी संख्या में महिला-पुरूष कलेक्टोरेट पहुंचे। ग्रामीणों ने बताया बीते वर्ष दिसंबर माह में 180 व्यक्तियों को समूह के द्वारा चावल नहीं दिया गया, जबकि इन्होंने मशीन में अंगूठा लगाकर स्वयं की पहचान दर्ज कराई थी। शकुंतला पैकरा पति सनकराम पैकरा, लोटी यादव पति जय सिंह यादव का कहना है कि उनके राशनकार्ड में ‘देना हैÓ लिख दिया गया, लेकिन आज पर्यंत राशन नहीं मिला है। बोधनाथ यादव, सुकंति बघेल, सोनमती बघेल, जेरोम, कौशल्या, केरोबिन के घर जाकर समूह के लोगों ने मशीन में केवाईसी के नाम पर अंगूठा लगवाया था, इन्हें भी राशन अप्राप्त है। ग्रामीणों ने सोसायटी संचालक पर कार्रवाई व राशन दिलवाने की गुहार लगाई है।

Categorized in: