कलेक्टर के संज्ञान में आया मामला, राजमोहिनी देवी भवन पहुंची प्रशासनिक टीम ने रंगे हाथों पकड़ा, होगी वैधानिक कार्रवाई

अंबिकापुर। शहर के माता राजमोहिनी देवी भवन के ऑडिटोरियम में युवा क्रांति नामक संगठन द्वारा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम योजना की जानकारी आम लोगों को देकर लोगों को ठगी का शिकार बनाया जा रहा था। इनसे प्रति व्यक्ति एक हजार रुपये आवेदन, पंजीयन शुल्क व ऋण राशि का 20 प्रतिशत राशि सुरक्षा निधि लेने की शिकायत कलेक्टर विलास भोस्कर तक पहुंची। कलेक्टर के निर्देश पर एसडीएम अंबिकापुर फागेश सिन्हा, महाप्रबंधक जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, एलडीएम सरगुजा, शाखा प्रबंधक बीओआई, सहायक संचालक कृषि विभाग की टीम मौके पर दबिश दी। जांच के दौरान पता चला कि कार्यक्रम संचालक तथाकथित ब्रांच मैनेजर यूथ कॉपरेटिव बैंक है। इसका पता, ठिकाना प्रथम तल, सिंह कॉम्प्लेक्स, बंगाली चौक अंबिकापुर है। पटना, बिहार निवासी विवेक कुमार, झारखंड निवासी धनराज गिर और बलरामपुर के राजपुर निवासी इंद्रदेव को प्रशासनिक टीम ने मौके पर ही पकड़ा। फर्जी कार्यशाला में इनके द्वारा उद्योग विभाग के प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम योजना अंतर्गत ऋण के संबंध में भ्रामक और त्रुटिपूर्ण जानकारी देकर आम जनों को झांसा दिया जा रहा था। कार्रवाई के दौरान तीनों ने आम जनों से सुरक्षा निधि राशि अपने बैंक में लेना स्वीकार किया।

प्रायोजित कार्यक्रम के आम जन प्रतिभागियों में नीलम साहू, संतोष विश्वकर्मा, पवित्रा प्रधान, अशोक कुमार कुशवाहा और जगजीत सिंह ने अवगत कराया कि उनके द्वारा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम हेतु सुरक्षा निधि उक्त संगठन को दी गई है। इन्होंने इसकी रसीद भी दिखाई। टीम के द्वारा मौके से सामान जप्त किया गया, जिसमें दो बैनर, यूथ कॉपरेटिव बैंक का डमी चेक, यूसीबीएल बैंक पासबुक, पंपलेट, कंपनी का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट, पैन कार्ड, एनएसडीएल पंजीयन, फर्म अकाउंट डिटेल्स शामिल है। प्रतिभागियों के समक्ष ही टीम ने पंचनामा तैयार किया। आगे कलेक्टर के मार्गदर्शन में वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

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