मनेंद्रगढ़ (शुद्धूलाल वर्मा) ! चिरिमिरी नगर पालिक निगम के पूर्व पार्षद रामाराव ने छतीसगढ़ शासन के खाद्य एवं सहकारिता मंत्री अमरजीत भगत को पत्र प्रेषित कर चिरिमिरी में चल रहे सभी सहकारी समितियों में पिछले 15- 17 सालों से चुनाव नही होने के कारण दबंगो व अधिकारियों के कब्जे में रहने का आरोप लगाते हुए समितियों का चुनाव कराकर उनका पुनर्गठन करने की मांग की है । पूर्व पार्षद रामाराव ने अपने प्रेषित पत्र में उल्लेखित किया है कि नगर निगम क्षेत्र चिरमिरी में संचालित समस्त सहकारी समितियों के प्रमाणिकता की जांच होनी चाहिए क्योकि इसमें से अधिकाश मृत हो चुके है । विगत शासनकाल में कई बर्षो से इनमें चुनाव नहीं हुए है और कई सदस्यों को तो पता ही नही है कि वे किसी सहकारी समिति का सदस्य हैं । इस प्रकार के सहकारी समितियां पॉन्ड्रीहिल सोसायटी, चिरमिरी एम्पलाईज सोसायटी, कोल माइंस सेंट्रल को स्टोर जैसे अन्य कई स्टोर चिरमिरी में संचालित है । इनके नाम से सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकान, इंडेन गैस, मिट्टी तेल एजेंसी व आटा चक्की का संचालन हो रहा है । लेकिन विगत 15- 17 बर्षों से इन सोसायटीयो का चुनाव न होना जिले के प्रशासनिक अधिकारियों की मिलीभगत से उक्त कार्यों का संचालन अधिकारियों द्वारा की जा रही है जिसका कोई भी आका नही है और इनमें कार्य कर रहे कर्मचारियों का भविष्य भी अंधकार में है। श्री राव ने पत्र में आगे उल्लेखित किया है कि इस प्रकार के अवैध सहकारी समितियों की गतिविधियों की जानकारी हेतु चिरमिरी क्षेत्र के अंतर्गत संचालित समस्त सहकारी समितियों की जांच होनी चाहिए ताकि वास्तविक स्थिति का पता चल सके । इन बंद पड़ी सहकारी समितियों को पुर्नजीवित करने पर सहकारिता को बढ़ावा मिलेगा और सही तरीके से समस्त गतिविधियां संचालित हो सकेगी।चिरमिरी क्षेत्र में एक सहकारी समिति कोल माइंस सेन्ट्रल को स्टोर जो अपना अस्तित्व बचाये हुए है और सफलता पूर्वक इंडेन गैस का संचालन कर रही है । इसके साथ ही क्षेत्र में 02 आटा चक्की का संचालन एसईसीएल के सौजन्य से चला रही है । इस सहकारी समिति के अंतर्गत एक केरोसीन आयल का डीलरशीप भी है । परन्तु विगत कई वर्षो से यहां दबंगों के द्वारा अपना कब्जा बनाये हुए है । अगर इसे दबंगो के कब्जे से बाहर कर इसका संचालन समिति द्वारा स्वयं करने पर इसका पूरा लाभ संस्था को मिलेगा व संस्था के समस्त कर्मचारियों को वेतन बढ़ोतरी का लाभ मिलेगा । इसी प्रकार संस्था द्वारा संचालित आटा चक्की को भी इन्ही दबंगों द्वारा कब्जा कर एसईसीएल की सुविधा पर संचालन किया जा रहा है जिसका कोई लाभ संस्था को प्राप्त नहीं हो रहा है। पूर्व पार्षद रामाराव ने खाद्य व सहकारी मंत्री अमरजीत भगत से पुरानी 15-17 वर्षों की व्यस्था को ध्वस्त करते हुए नई व्यवस्था के तहत संस्था का संचालन कराए जाने की मांग की है ताकि संस्था का संचालन सुचारू रूप से चल सके एवं इन दबंगो से मुक्ति मिल सके जो कि विगत 15-17 वर्षो से मिट्टी तेल विभाग पर कब्जा जमाए हुए है । इसके साथ ही श्री राव ने चिरमिरी क्षेत्र में संचालित होने वाले समस्त सहकारी समितियों के प्रमाणिकता की जांच की भी मांग की है !

Categorized in: