छ.ग. फ्रंटलाइन
राजपुर। राजपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत धंधापुर में महान नदी से रेत माफियाओं के द्वारा धड़ल्ले से ओवरलोड वाहनों में रेत का परिवहन किया जा रहा है। महान नदी से ग्राम पंचायत चौरा होते हुए प्रतिदिन सैकड़ों ओवरलोड वाहनें रेत लेकर दूसरे राज्यों में जा रही हैं जिससे ग्राम पंचायत की सड़कें बेहद जर्जर हो चुकी हैं। इन सड़कों की स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि लोगों को पैदल चलना दूभर हो गया है। लगातार सैकड़ों वाहन चलने से सड़क में फैली धूल-मिट्टी लोगों के घरों में घुस रही है। लोगों को धूल की वजह से सांस संबंधी बीमारियों का भी सामना करना पड़ रहा है। इसे देखते हुए ग्राम पंचायत चौरा के दर्जनों ग्रामीण, सरपंच पति लक्ष्मी प्रसाद के नेतृत्व में शुक्रवार को सात ओवरलोड वाहनों को रेत परिवहन करने से रोक दिए। ग्रामीणों का कहना था कि लगातार इन वाहनों के चलने से उनके ग्राम पंचायत की सड़क बेहद जर्जर हो चुकी है। सड़क की धूल-मिट्टी घरों में घुस रही है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों को सांस लेने संबंधित बीमारियां हो रही हैं। जब तक प्रशासन ओवरलोड रेत परिवहन पर रोक नहीं लगाती है तब तक इन वाहनों को वे अपने ग्राम पंचायत की सड़कों से नहीं जाने देंगे। ग्रामीणों के द्वारा ओवरलोड रेत परिवहन कर रहे वाहनों की सूचना जब राजपुर थाना प्रभारी को मिली तो तत्काल अपने स्टाफ के साथ गांव पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याओं से अवगत हुए, उसके बाद सभी ओवरलोड वाहनों से जुर्माना के तौर पर प्रति वाहन एक हजार रूपये का चालान काटने की खानापूर्ति की गई और सभी वाहनों को वहां से रवाना कर दिया।


शिकायतों का अंबार फिर भी ठोस कदम नहीं उठा रहा प्रशासन-
जिले में रेत खदानों का टेंडर होने के बाद से रेत का उत्खनन काफी तेजी से चल रहा है। विगत एक महीने से राजपुर के ग्राम पंचायत धंधापुर महान नदी से रेत का उत्खनन किया जा रहा है, लेकिन यहां निगरानी के लिए माइनिंग विभाग के द्वारा कोई भी व्यवस्था नहीं की गई है जिसका फायदा उठाकर रेत माफियाओं द्वारा ओवरलोडिंग रेत का परिवहन किया जा रहा है। इन वाहनों में 45 टन लोडिंग किया जाना है लेकिन रेत माफिया सभी वाहनों में 70 से 80 टन रेत लोडिंग कर परिवहन कर रहे हैं। इसकी जानकारी संबंधित विभाग के सभी अधिकारियों को है। ग्रामीणों की लगातार शिकायत के बाद भी अधिकारियों के द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है, इसे लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। देखा जाए तो ओवरलोड रेत परिवहन से सरकार को लाखों रुपये राजस्व की भी हानि हो रही है। कहने को अंतर्राज्यीय चेक पोस्ट है यहां से आसानी से ये वाहनें चढ़ावा के दम पर सीमा पार कर रहे हैं। ऐसे में जिम्मेदार अधिकारियों व चौकसी करने वालों की मिलीभगत से आवरलोड परिवहन के आरोप लग रहे हैं।
स्वास्थ्य मंत्री की कोरोना जांच रिपोर्ट निगेटिव, ट्वीट कर दी जानकारी

Categorized in: