सावन के आखिरी सोमवार को जल चढ़ाने दोस्तों के साथ निकला था राहुल, सड़क हादसे ने छीना मां का लाल
अंबिकापुर। सावन के आखिरी सोमवार पर भोलेनाथ को जल चढ़ाने की एक मासूम सी ख्वाहिश अधूरी रह गई। 25 अगस्त को बालक का जन्मदिन था, केक कटना था, लेकिन दो दिन पहले ही घर का चिराग बुझ गया।
जानकारी के मुताबिक उदयपुर थाना क्षेत्र के ग्राम नुनेरा का 15 वर्षीय राहुल सिरदार पिता सुरेन्द्र सिरदार 23 अगस्त को दोपहर करीब 2 बजे अपने साथी सुनील, भोलेशंकर, वीरेन्द्र, जयपाल के साथ दो अलग-अलग मोटरसायकलों में सवार होकर कैलाश गुफा जाने के लिए निकले थे। मन में भक्ति थी, सावन के अंतिम सोमवार को गुफा में विराजे शिवलिंग पर जल चढ़ाना था। एक मोटरसायकल को राहुल चल रहा था, साथ में सुनील सवार था। बतौली-बगीचा रोड में केनापारा के पास शाम करीब 6 बजे सामने से आ रही कार वाहन क्रमांक सीजी 15 डीव्ही 0588 के चालक ने इनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों सड़क पर गिर गए। राहगीरों की मदद से दोनों को डाॅयल 112 की टीम ने बतौली सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचाया, यहां से गंभीर हालत में इन्हें प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सक ने मेडिकल कॉलेज संबद्ध अस्पताल अंबिकापुर के लिए रेफर कर दिया। आपातकालीन चिकित्सा परिसर में जांच के बाद चिकित्सक ने राहुल को मृत घोषित कर दिया। साथी सुनील का उपचार चल रहा है।
25 अगस्त को था 16वां जन्मदिन
मार्मिक बात यह है कि 25 अगस्त को राहुल का 16वां जन्मदिन था। कैलाश गुफा से बच्चे की वापसी के बाद स्वजन जन्मदिन मनाने की तैयारियां करते, लेकिन घटना से चीख-पुकार मच गई। किशोर की सावन के आखिरी सोमवार पर भगवान को जल चढ़ाने की तमन्ना भी पूरी नहीं हो पाई। घटना के पीछे एक कारण बतौली-बगीचा मार्ग के खस्ताहाल सड़क से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
