अब अर्बन चौपाटी में मारपीट, तोड़फोड़ कर नाबालिगों व युवाओं ने मचाया आतंक  

अंबिकापुर। शहर में असामाजिक तत्वों का खौफ सिर चढ़कर बोल रहा है। माह भर नहीं हुए हैं, पुलिस की सख्त कार्यप्रणाली के बीच एक के बाद अपराधिक कारनामे सामने आ रहे हैं। कानून व्यवस्था को धत्ता बताते हुए दबंगई दिखाने का सिलसिला जारी है, जिसमें युवाओं के अलावा नाबालिगों का सामने आना कहीं न कहीं अभिभावकों के लिए चुनौती है। इसी क्रम में शुक्रवार की शाम शहर के अर्बन चौपाटी में हुड़दंगियों ने जिस प्रकार खौफ पैदा करने की कोशिश की, वह कानून व्यवस्था के रखवालों के लिए चुनौती से कम नहीं है। हालांकि थाना कोतवाली पुलिस ने मामला सामने आने के बाद कार्रवाई करते हुए मामले में पांच विधि से संघर्षरत बालकों सहित कुल 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के विरूद्ध बलवा, मारपीट, तोड़फोड़ व आर्म्स एक्ट का मामला पंजीबद्ध कर लिया गया है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त आलाजरब एवं तीन दोपहिया वाहन भी बरामद किया है।

शुक्रवार को देर शाम अर्बन चौपाटी स्थित सोडा दुकान में कुछ आसामजिक तत्वों द्वारा हुड़दंग एवं लड़ाई झगड़ा करने की सूचना कोतवाली पुलिस को प्राप्त हुई थी। सूचना पर पुलिस टीम द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल की घेराबंदी कर पांच विधि से संघर्षरत बालकों समेत 10 आरोपियों को मौके से पकड़ा। शैलू सिंह 27 वर्ष निवासी अमलभिट्टी दरिमा ने थाना कोतवाली आकर रिपोर्ट दर्ज कराया कि वह अर्बन चौपाटी में पिछले दो वर्षों से सोडा दुकान का संचालन करता है। 23 फरवरी को वह अपने दुकान में था। देर शाम रामेश्वर नागेश, संदीप शर्मा, विक्की कुमार सिंह अपने अन्य साथियों के साथ डंडा एवं अन्य हथियार लेकर अर्बन चौपाटी स्थित उसके सोडा दुकान में आकर गाली-गलौज करने लगे। आरोपियों ने जान से मारने की धमकी देते हुए सोडा दुकान में रखे सामानों को तोड़फोड़ डाला और मारपीट की घटना को अंजाम दिया। रिपोर्ट पर थाना कोतवाली में धारा 147, 148, 149, 294, 506, 323, 427 भादवि एवं 25, 27 आर्म्स एक्ट का अपराध दर्ज कर पुलिस ने विवेचना में लिया था। बता दें पकड़ में आए दो आरोपियों ने एक दिन पहले ही थाना में कार सवारों के द्वारा कट मारकर ओवरटेक करने का विरोध करने पर मारपीट की रिपोर्ट कोतवाली थाना में दर्ज कराई थी। हालांकि उक्त घटना से अर्बन चौपाटी में हुई वारदात का कोई लेना-देना प्रतीत नहीं हो रहा है। कार्रवाई में थाना कोतवाली से उप निरीक्षक अर्जुन यादव, सहायक उप निरीक्षक संजय गुप्ता, प्रधान आरक्षक छत्रपाल सिंह, सियाराम मरावी, आरक्षक मोती केरकेट्टा शामिल रहे।

इन आरोपियों को गिरफ्तार की पुलिस
पुलिस टीम ने मौके से जिन पांच विधि से संघर्षरत बालकों एवं अन्य पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, इनमें संदीप शर्मा 19 वर्ष निवासी गोधनपुर, रामेश्वर नागेश 18 वर्ष निवासी घंघरी थाना लुण्ड्रा, विक्की कुमार सिंह 19 वर्ष निवासी केरता चौकी खड़गवां थाना सुरजपुर, भानु प्रताप सिंह 21 वर्ष निवासी नवापारा गोधनपुर रोड, रविचन्द राजवाड़े 20 वर्ष निवासी गोरसीडबरा थाना गांधीनगर शामिल हैं। सभी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। विधि से संघर्षरत बालकों के विरुद्ध कार्रवाई कर किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है।

घटना के बाद बन गई भगदड़ की स्थिति
अर्बन चौपाटी में जिस समय आतंक मचाने की वारदात हुई, उस समय काफी संख्या में युवा-युवतियों यहां मौजूद थे। कोई चाट-चटपटी खा रहा था तो कोई अन्य सोडा का लुत्फ उठा रहा था। अचानक कई वाहनों में पहुंचे युवक व नाबालिगों ने भीड़ की परवाह न करते हुए तोड़फोड़ और मारपीट करना शुरू कर दिया। शहर के मुख्य चौपाटी के सामने अर्बन चौपाटी नाम देते हुए खोले गए इस स्थल पर कई ठेला व्यवसायी भी अपना कारोबार करते हैं। इसे देखते हुए दोनों ही चौपाटी ग्राहकों से गुलजार रहता है। शुक्रवार को देर शाम जिस प्रकार के हालात बने हैं, इसे देखते हुए पुलिस को सख्त कदम उठाने की जरूरत है।

पहुंचते ही गुंडों की तरह फैलाया खौफ
अर्बन चौपाटी में लगभग डेढ़ दर्जन लोगों के द्वारा मचाई गई गुंडागर्दी सीसीटीवी में कैद हुई है। लगभग 15 मिनट का जो नजारा देखने में आया वह लोगों को दहशत में डालने वाला था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घेराबंदी करके 10 आरोपियों को पकड़ा, वहीं आए दिन चल रहे गैंगवार से तंग आई पुलिस ने नवोदित असामाजिक तत्वों पर डंडे भी बरसाए। हालांकि पुलिस के हाथ अभी भी गैंग के मुख्य लोग नहीं लग पाए हैं, जो अलग समूह बना युवाओं व नाबालिगों को अपराध के गर्त में धकेल रहे हैं। इनके द्वारा घटना के समय जिस प्रकार की हरकत की गई, वह कहीं न कहीं इंटरनेट मीडिया के दुष्प्रभाव को भी इंगित करा रहा है। मौके से भीड़ को हटाने के लिए धमकी भरे लहजे का प्रयोग इनके द्वारा किया गया।

क्या कहें…उद्दंडता या नासमझी, पुलिस व प्रशासन के नाक के नीचे स्टंट  

शहर का हृदयस्थल जहां जिला व पुलिस प्रशासन के मुखिया के अलावा यातायात नियमों का पालन करने के लिए पुलिस की मौजूदगी हमेशा बनी रहती है, उससे चंद फासले पर कलाकेंद्र मैदान में स्कूली विद्यार्थियों के द्वारा चारपहिया वाहनों के साथ एक बार फिर खतरनाक स्टंट किया गया। हाल में पुलिस ने ऐसे ही एक मामले में कार्रवाई करते हुए स्टंटबाज युवकों के स्वजन से जुर्माना राशि वसूल किया था। इस कार्रवाई के बाद भी न तो अभिभावक ही जागरूक हुए और न ही देश के भावी कर्णधार। इनके द्वारा की जा रही स्टंटबाजी की खबर मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची तो भगदड़ की स्थिति बन गई। हालांकि पुलिस ने एक वाहन को अपने कब्जे में लिया है। बताया जा रहा है कलाकेंद्र मैदान के पास स्थित निजी स्कूल में 12वीं के छात्रों के लिए फेयरवेल पार्टी का आयोजन किया गया था। फेयरवेल के बाद दोपहिया और चारपहिया वाहनों के साथ लड़कों के साथ लड़कियों का हुजूम कलाकेंद्र मैदान पहुंच गया। यहां स्टंटबाजी करते हुए ये विद्यार्थी धूल उड़ा दिए। पटाखा भी खूब फूटा। पुलिस भी क्या करे, स्कूली विद्यार्थियों के भविष्य को देखते हुए इन पर सख्ती कर नहीं सकती है, ऐसे में इनके अभिभावकों को तलब करके अग्रिम कार्रवाई करने के अलावा और कोई रास्ता नहीं दिख रहा है।

Categorized in: