अनचाहे गर्भ से छुटकारा पाने के चक्कर में गई एक और किशोरी की जान
अंबिकापुर। अनचाहे गर्भ से छुटकारा पाने के लिए गर्भपात के दवा की आसानी से उपलब्धता बिन ब्याही किशोरियों और युवतियों के लिए खतरनाक साबित हो रहा है। ऐसे केस आए दिन सामने आ रहे हैं। शादी का झांसा देकर दुष्कर्म की घटनाएं आम हो गई हैं। अवैध गर्भधारण करने के बाद बालिग और नाबालिग लड़कियों को सामाजिक मान-मर्यादा और अपयश का भय सताने लगता है। ऐसे में या तो वे प्रेमी पर विवाह के लिए दबाव बनाती हैं, या फिर प्रेमी के बहकावे में आकर ऐसी दवाओं का बिना डॉक्टर से सलाह लिए सेवन कर लेती हैं, जो इनके जीवन के लिए खतरनाक साबित होता है।
बिना ब्याही मां बनने के बाद गर्भ में पल रहे बच्चे की सफाई के लिए गर्भपात की दवा का बिना चिकित्सक की सलाह लिए सेवन करना प्रचलन का रूप लेते जा रहा है। ऐसी किशोरियों या युवतियों के गर्भवती होने पर प्रेमी के द्वारा सामाजिक मान-मर्यादा की दुहाई देकर या तो गर्भपात की दवा का सेवन करा दिया जाता है, या फिर किशोर उम्र में गर्भवती होने पर लड़कियां स्वजन के भय से ऐसी दवाओं का सेवन करके खुद के जीवन को खतरे में डालने मजबूर हो जाती हैं। अंबिकापुर सहित सरगुजा संभाग से ऐसे मामले आए दिन सामने आ रहे हैं, इसके बाद भी दवा दुकानों से ऐसी दवाओं का बिना डॉक्टरी पर्चा के आसानी से सुलभ होना सवालों के घेरे में है। ऐसे ही एक मामले में 16 वर्षीय किशोरी की जान चली गई। मनेन्द्रगढ-चिरमिरी-बैकुण्ठपुर जिला के नागपुर थाना क्षेत्र की किशोरी बिना ब्याही मां बन गई थी। लगभग 3-4 माह का गर्भ ठहर चुका था, जिससे परिवार के सदस्य अनजान थे। किशोरी की तबियत बिगड़ी और स्वजन उसे मनेन्द्रगढ़ अस्पताल लेकर गए, तो उन्हें लड़की के गर्भवती होने का पता चला। मनेन्द्रगढ़ अस्पताल से रेफर करने पर स्वजन किशोरी को लेकर मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर लेकर पहुंचे, यहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। किशोरी किसके प्रेमजाल में फंसकर गर्भवती हुई, वह स्वयं गोली का सेवन की था या प्रेमी उसे गर्भपात का गोली सेवन करने के लिए प्रेरित किया, इसका पर्दाफास पुलिस की जांच के बाद होगा। ऐसी घटनाओं को देखते हुए गर्भपात की गोलियों की आसानी से उपलब्धता रोकने का प्रयास प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को संयुक्त पहल करके करना चाहिए, ताकि मेडिकल स्टोर संचालक अनचाहे गर्भ से छुटकारा पाने के लिए ली जाने वाली ऐसी दवाओं को आसानी से उपलब्ध नहीं कराने पाएं।

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