उत्कृष्ट कार्यों से थी आंगनबाड़ी सहायिका की थी पहचान, 4 मासूम बच्चों के सिर से उठा मां का साया

रामानुजगंज(विकाश कुमार केशरी)- आज सुबह 9 बजे के करीब ग्राम पंचायत देवीगंज की आंगनबाड़ी सहायिका सरसों से तेल निकलवाने ग्राम पंचायत मितगई के कोरवा पारा में गई थी जहां मिल के पट्टे के चपेट में आ जाने से मौके पर ही आंगनबाड़ी सहायिका की मौत हो गई घटना की जानकारी रामानुजगंज थाने में देने के पश्चात मौके पर पुलिस बल पहुंचा घटना पर मर्ग कायम कर शव का पोस्टमार्टम करा शव को परिजनों को सौंप दिया गया।


प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत देवीगंज की आंगनबाड़ी सहायिका कविता पाल पति कमलेश पाल आज सुबह 9 बजे के करीब ग्राम पंचायत मितगई के अफरोज पिता जहूर के मिल में सरसों का तेल निकलवाने के लिए गई थी जहां पर वह मिल चलने के दौरान पट्टे के चपेट में साड़ी फसने से आ गई जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई घटना की जानकारी रामानुजगंज थाने में देने के बाद मौके पर पुलिस बल पहुंचा एवं पंचनामा तैयार कर शव का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया गया।

सकरा जगह में लंबे समय से हो रहा था मिल का संचालन…….. मिल मालिक के द्वारा काफी सकरे जगह में मील का संचालन किया जा रहा था वही स्विच भी इसका काफी दूर था कई बार ग्राम वासियों ने आपत्ति की थी कि इतने सकरा जगह में मील का संचालन न करें परंतु मिल का संचालन होता रहा और आज इस बड़ी घटना का कारण बना।

उत्कृष्ट कार्यो से थी आंगनबाड़ी सहायिका की पहचान…….. एक ओर जहां ग्रामीण क्षेत्रों के आंगनबाड़ी से कई शिकायतें आती रहती है वही जहां कविता पाल पदस्थ थी वहां वह हमेशा उत्कृष्ट कार्यो के लिए पहचानी जाती थी उसकी प्रशंसा ग्रामवासी एवं कई बार अधिकारी भी कर चुके थे।

4 मासूम के सिर उठा मां का साया…… आंगनबाड़ी सहायिका कविता के चार मासूम बच्चे हैं जिसमें 3 लड़की एवं 1 लड़का है बड़ी लड़की 15 साल की है तो वही सबसे छोटा लड़का 4 वर्ष का है जिनके सिर से मां का साया उठ गया। घटना के बाद बच्चे एवं परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है।

तेल मिल के पट्टे के चपेट में आने से आंगनबाड़ी सहायिका की हुई मौत, सकरी जगह में लंबे समय से हो रहा था मिल का संचालन ग्राम वासियों ने सकरी जगह को लेकर की थी आपत्ति, उत्कृष्ट कार्यों से थी आंगनबाड़ी सहायिका की थी पहचान, 4 मासूम बच्चों के सिर से उठा मां का साया

Categorized in: