डिगमा में ग्रामीणों के साथ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने दिया धरना  


अंबिकापुर। स्कूलपारा डिगमा के ग्रामीणों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने तीन पीढ़ी से ग्राम नेहरू नगर में काबिज भूमि पर निवास कर रहे लोगों को पट्टा और बुनियादी सुविधाओं को लेकर बस्ती में ही एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि वे कांग्रेस सरकार को वोट इसलिए दिए थे कि सभी काबिजों को भूमि का पट्टा मिलेगा। सभी तीन-चार पीढ़ी से यहां निवास कर रहे हैं और कई जगह पट्टे के लिए गुहार लगा रहे हैं, लेकिन सरकार व प्रशासन उनकी बातों को अनसुना करने में लगा है। बस्ती में 80 से 100 परिवार निवास कर रहे हैं, जिनकी कुल जनसंख्या लगभग पांच सौ है। कांग्रेस की सरकार बनने के आज तक डिगमा के एक भी घर के सदस्य को पट्टा नहीं मिला है। जब चुनाव आता तो सभी राजनैतिक दल के लोग वोट मांगने के लिए गांव आते हैं, सभी लुभावने वायदे करते हैं। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने चुनाव पूर्व जन घोषणा पत्र में ग्रामीणों को काबिज भूमि का पट्टा, वन भूमि का पट्टा देने कहा, लेकिन सत्ता में आते ही वे अपने वायदे को भूल गए। अच्छी सड़क, प्रधानमंत्री आवास का सपना भी अधूरा है। ग्रामीणों ने मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं कराने पर अगली बार चुनाव का बहिष्कार करने का मन बनाया है। इस दौरान अंकुर सिन्हा, अजीज टोप्पो, सुरेश राम बुनकर, अमेरिका ठाकुर, निर्मला सिंह, यशोदा देवी, शांति गुप्ता, बेला देवी, प्रेम ठाकुर सहित अन्य उपस्थित रहे।

Categorized in: