डीजीपी ने धमतरी के भखारा थाने के सभी को किया सस्पेंड

DGP.jpg

थाने में टीशर्ट व जींस में थानेदार, सिपाही स्लीपर में मिले
रायपुर/धमतरी. पुराना धमतरी रोड पर स्थित भखारा थाने में मंगलवार की शाम 5.35 बजे डीजीपी डीएम अवस्थी अचानक पहुंच गए। थानेदार जींस और टीशर्ट पहनकर थाने में थे। डे अफसर ड्यूटी में तैनात एएसआई और हवलदार ने भी वर्दी नहीं पहनी थी। एक सिपाही तो स्लीपर पहनकर ड्यूटी पर आ गए थे। उस समय थाने में मौजूद किसी भी स्टाफ ने वर्दी नहीं पहनी थी। थाने का रोजनामचा टेबल पर नहीं था। वारंटियों और निगरानी शुदा बदमाशों का रिकार्ड थानेदार तुरंत नहीं दिखा सके। थाने की अव्यवस्थाओं और अनुशासनहीनता देखकर डीजीपी अवस्थी ने थाना प्रभारी भावेश गौतम सहित उस समय मौजूद पूरे स्टाफ को वहीं सस्पेंड कर दिया।

डीजीपी अवस्थी जब पहुंचे तो थानेदार बिना ड्रेस के ऊंची कुर्सी में बैठे थे। एकाएक उन्होंने डीजी को नहीं पहचाना। जैसे ही उन्होंने अपना परिचय दिया, उनके होश उड़ गए। उसके बाद पूरे थाने में खलबली मच गई। डीजीपी अवस्थी थाने में करीब दो घंटे रहे।

इस दौरान उन्होंने रोजनामचे से लेकर वारंटियों अौर बदमाशों का रिकार्ड चेक किया। शिकायती पत्रों के बारे में जानकारी ली। पेंडिंग मामलों और उनकी प्रगति रिपोर्ट जांची। थाने का एक भी रिकार्ड दुरुस्त नहीं था। हर सवाल पर थानेदार और स्टाफ एक-दूसरे पर जिम्मेदारी टालने की कोशिश करते रहे। इसी लापरवाही और अनुशासनहीनता के कारण उन्होंने सभी को ऑन द स्पॉट सस्पेंड कर दिया। डीजीपी अवस्थी ने कहा है कि अब ऐसे ही किसी भी थाने में अचानक पहुंचकर रिकार्ड चेक करेंगे।

उन्होंने शुक्रवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों की बैठक लेकर उन्हें थाना पुलिसिंग में कसावट लाने के निर्देश दिए थे। उन्होंने अफसरों को निर्देश दिया था कि वे अचानक किसी भी थाने में पहुंचकर रिकार्ड चेक करें। उन्होंने ये भी कहा था कि वे खुद ही फील्ड पर उतरकर थानों की जांच करेंगे। पुलिस अधीक्षकों के निकलने के पहले ही डीजीपी अवस्थी मंगलवार को विधानसभा से निकलने के बाद सीधे भखारा के लिए निकल गए। उनके साथ आईजी आनंद छाबड़ा और नक्सल ऑपरेशन के एआईजी देवनाथ थे।

एसपी को किया तलब, एसडीओ को नोटिस
भखारा थाने की अव्यवस्था देखकर डीजीपी अवस्थी ने धमतरी एसपी बीपी राजभानू और एसडीओपी को बुलाया। उन्होंने एडिशनल एसपी मनीषा ठाकुर को भी तलब किया, लेकिन वे नहीं आ सकीं। डीजीपी ने एसडीओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। उनसे पूछा गया है कि थाना सीधे उनकी निगरानी में है, ऐसे में उन्होंने जांच कर व्यवस्था दुरुस्त क्यों नहीं करवायी।

साभार – दैनिक भास्कर

Share this Post On:
scroll to top